कांग्रेस में बड़े बदलाव, ग़ुलाम नबी महासचिव पद से मुक्त, आरपीएन झारखंड के प्रभारी बने रहेंगे

कांग्रेस में बड़े बदलाव, ग़ुलाम नबी महासचिव पद से मुक्त, आरपीएन झारखंड के प्रभारी बने रहेंगे
पीबी ब्यूरो ,   Sep 12, 2020

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने पार्टी में अहम बदलाव किए हैं.

ग़ुलाम नबी आज़ाद और मल्लिकार्जुन खड़गे समेत चार वरिष्ठ नेताओं को महासचिव पद की जिम्मेदारी से मुक्त कर दिया गया है. 

पिछले दिनों कई वरिष्ठ नेताओं ने पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी को पार्टी में अहम बदलावों के लिए पत्र लिखा था, जिनमें ग़ुलाम नबी आज़ाद का नाम प्रमुख था. हालांकि आज़ाद को महासचिव पद से हटाने के साथ ही सीडब्ल्यूसी में स्थान दिया गया है.

अहम बदलाव के साथ ही पार्टी की सर्वोच्च नीति निर्धारण इकाई कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) का भी पुनर्गठन किया गया है.

पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल की ओर से जारी बयान के मुताबिक़ ग़ुलाम नबी आज़ाद, मोतीलाल वोरा, अंबिका सोनी और मल्लिकार्जुन खड़गे को महासचिव पद से मुक्त किया गया है.

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ख़ास बात ये भी है कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने पार्टी के संगठनात्मक और कामकाज से जुड़े मामलों में अपनी मदद के लिए विशेष समिति का गठन किया है.

इसके अलावा सोनिया गांधी ने एआईसीसी सेंट्रल इलेक्शन अथॉरिटी का भी पुनर्गठन कर दिया है.

ग़ुलाम नबी आज़ाद से महासचिव का पद छीन लिया गया है. वो हरियाणा राज्य के प्रभारी थे. उनकी जगह अब विवेक बंसल ने ले ली है.

वहीं इस विवादित पत्र पर हस्ताक्षर करने वाले नेताओं में जितिन प्रसाद भी थे, जिन्हें राज्य प्रभारी बनाया गया है. 

इसे पार्टी में उनकी तरक्की के तौर पर देखा जा रहा है. लेकिन उन्हें अब उत्तर प्रदेश से पश्चिम बंगाल भेज दिया गया है जहां अगले साल चुनाव होने हैं.

इस फेरबदल का सबसे बड़ा फ़ायदा रणदीप सुरजेवाला को हुआ है. सुरजेवाला अब कांग्रेस अध्यक्ष को सलाह देने वाली उच्च स्तरीय छह सदस्यीय विशेष समिति का हिस्सा बन गए हैं.

साथ ही सुरजेवाला को कांग्रेस का महासचिव भी बनाया गया है. उन्हें कर्नाटक का प्रभारी बनाया गया है. प्रियंका गांधी को उत्तर प्रदेश का प्रभारी बनाया गया है.

आरपीएन सिंह को झारखंड में कांग्रेस प्रभारी की दूसरी बार जिम्मेदारी दी गई है. 

वहीं मुकुल वासनिक को मध्य प्रदेश के पार्टी महासचिवों की ज़िम्मेदारी दी गई है.

साथ ही हरीश रावत को पंजाब की, ओमान चांडी को आंध्र प्रदेश की, तारीक अनवर को केरल और लक्षद्वीप की, जितेंद्र सिंह को असम की, अजय माकन को राजस्थान की ज़िम्मेदारी दी गई है.

के सी वेणुगोपाल को संगठन की ज़िम्मेदारी सौंपी गई है और मधुसूदन मिस्त्री को केंद्रीय चुनाव समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है.

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इसके अलावा राहुल के वफ़ादार माने जाने वाले मनकीम टैगोर को तेलंगाना का प्रभारी सचिव नियुक्त किया गया है.


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