अयोध्या विवादः फैसले से पहले अलर्ट, 80 प्रमुख स्टेशनों पर सुरक्षा बढ़ाई गई

अयोध्या विवादः फैसले से पहले अलर्ट, 80 प्रमुख स्टेशनों पर सुरक्षा बढ़ाई गई
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पीबी ब्यूरो ,   Nov 08, 2019

अयोध्या मामले में जल्द फैसला आने के मद्देनजर केंद्र ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए एक परामर्श (एडवाइजरी) जारी की है. इसमें उनसे अतिरिक्त सतर्कता बरतने को कहा गया है. 

केंद्र ने उत्तर प्रदेश खासकर अयोध्या में तैनाती के लिए चार हजार अतिरिक्त बलों को रवाना भी किया है. मंदिर-मस्जिद भूमि विवाद में फैसला 17 नवंबर को भारत के प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई के सेवानिवृत्त होने से पहले आने की संभावना है. 

मामले में बनी संविधान पीठ की अगुवाई कर रहे मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई इसी दिन रिटायर हो रहे हैं 

इधर पीटीआई के मुताबिक  रेलवे पुलिस ने राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद मामले में उच्चतम न्यायालय के फैसले के मद्देनजर गुरुवार को सुरक्षा तैयारियों पर अपने सभी मंडलों के लिए निर्देश वाला सात पृष्ठों का परामर्श जारी किया. 

रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के परामर्श में जानकारी दी गई है कि उसके सभी कर्मियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई है,. उन्हें ट्रेनों की सुरक्षा में तैनात रहने के निर्देश दिए गए हैं.

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परामर्श में प्लेटफॉर्म्स, रेलवे स्टेशनों, यार्ड, पार्किंग स्थल, पुलों और सुरंगों के साथ-साथ उत्पादन इकाइयों और कार्यशालाओं में सुरक्षा जैसे मुद्दों को शामिल किया गया है. परामर्श में उन स्थानों की पहचान की गई है जो किसी भी तरह की हिंसा के लिहाज से संवेदनशील हो सकते हैं या जिनका विस्फोटकों को छिपाने में इस्तेमाल किया जा सकता है.

आरपीएफ कर्मी सभी ट्रेनों में तैनात रहेंगे और उन्हें आधुनिक उपकरण दिए जांएगे. खोजी कुत्तों की मदद ली जाएगी और गहन सुरक्षा जांच की जाएगी. रेल पटरियों, पुलों और सुरंगों पर सभी संवदेनशील स्थानों पर गश्त दी जाएगी.

आरपीएफ के परामर्श में कहा गया है कि रेलवे स्टेशनों के समीप और उसके दायरे में आने वाले धार्मिक ढांचों पर करीब से नजर रखी जाए क्योंकि वहां हिंसा ‘‘भड़कने की ज्यादा आशंका’’ है. इसमें ऐसे ढांचों की देखभाल करने वाले लोगों को उन्हें बिना सुरक्षा के न छोड़ने का निर्देश भी दिया गया है.

इसमें कहा गया है कि दिल्ली, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश के स्टेशनों समेत करीब 80 प्रमुख स्टेशनों की पहचान की गयी है जहां अधिक संख्या में यात्री आते हैं और यहां आरपीएफ कर्मियों की मौजूदगी बढ़ाई गई है. 


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